24 February 2014

BJP and Meghs-2 - भाजपा और मेघ-2

बीजेपी का दलित दाँव

आज सभी समाचारिया चैनल उदित राज (बुद्धिस्टऔर रामविलास पासवान (दुसाधऔर रामदास अठावले (बुद्धिस्ट), अध्यक्षरिपब्लिकन पार्टी ऑफ इंडिया के बीजेपी में जाने की खबरों से अटे पड़े हैं.

पासवान कभी पायदार सामाजिक कार्यकर्ता रहे हैंकेंद्र में मंत्री भी रह चुके हैंउनकी पार्टी लोक जनशक्ति पार्टी हैआजकल उनकी छवि मौकापरस्त राजनेता की हैउदितराज का नाम पहले रामराज थासंभवतः अंबेडकरवाद से प्रभावित हो कर उन्होंने अपना नाम उदितराज कर लियादिल्ली में काफी सक्रिय रहे हैंउनकी 'इंडियन जस्टिस पार्टी' नाम से एक राजनीतिक पार्टी भी हैदक्षिण भारत की कुछ दलित संस्थाओं में उनकी अच्छी घुसपैठ हैएक बार उनसे फोन पर बात करने का सुअवसर प्राप्त हुआ थाकाफी खनखनाती आवाज़ में टू द प्वाइंट बोलते हैं.

बीजेपी ने काफी समय से ओबीसी को जाने-अनजाने में अपने पसंदीदा टारगेट पर रखा हैउमा भारती, (शायदगोविंदाचार्य (भी), नरेंद्र मोदी नामक ओबीसी पत्ते उसके पास रहे हैंपंजाब में एक वर्तमान मंत्री श्री चूनी लाल भगत को कुछ प्रोमोट किया हैइसी प्रकार राजस्थान और जम्मू-कश्मीर के मेघों में भी बीजेपी की बिजली चमकी हैराजस्थान में कैलाश मेघवाल विधानसभा के अध्यक्ष हैं केंद्र में एनडीए की पिछली सरकार में अर्जुन मेघवाल एक महत्वपूर्ण चेहरा बने हैं.

मेघवंशियों और बीजेपी पर मैंने मेघनेट पर एक पोस्ट लिखी थीनीचे दिए उसके लिंक पर आप कुछ जानकारी ले सकते हैंमैं अपनी खोपड़ी के खाँचे के अनुसार पासवान और उदितराज को मेघवंशी मानता हूँ.


ख़ैरहर पार्टी दलित कार्ड खेलती है और हर दलित नेता के हाथ में 4-5 पार्टियों के पत्ते होते हैंदेखा यह है कि दलितों का थर्मामीटर राजनीतिक समझदारी का तापमान कम और आपसी अनेकता का तापमान अधिक दिखाता हैदाँव पर ख़ुद जनता होती है.